शाहजहांपुर | कथावाचक आसाराम बापू की संलिप्तता वाले दुराचार प्रकरण में पीड़िता के पिता का फर्जी वीडियो वायरल करने के मामले में पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर ली है वहीं पीड़तिा के पिता को सुरक्षा भी उपलब्ध करायी गई है।
पुलिस अधीक्षक अशोक कुमार मीणा ने गुरुवार को बताया कि आसाराम प्रकरण में पीड़तिा के पिता ने बुधवार को उनसे मिले थे। उन्होंने अपनी शिकायत उन्हें दी है जिसके आधार पर कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज करा दी गई है। पीड़तिा के पिता ने अपनी शिकायत में कहा है कि आसाराम अपने अनुयायियों के द्वारा सोशल मीडिया एवं यूट्यूब पर उनके खिलाफ लगातार दुष्प्रचार करता रहता है। उन्होंने दर्ज कराई गई रिपोर्ट के हवाले से बताया कि मंगलवार को अनिल शर्मा नाम के व्यक्ति ने सोशल साइट एक्स पर एक वीडियो वायरल किया जिसमें उसने अपने को पीड़तिा का पिता बताते हुए कहा है कि ‘मुझे माफ करें, मेरी लड़की ने झूठा आरोप लगाया था’ यह वीडियो पूरी तरह से फर्जी है और हमने मीडिया को ऐसा कोई बयान नहीं दिया है। मीणा ने बताया कि पीड़तिा के घर पर पुलिस की एक गारद तैनात है इसके अलावा पीड़िता के पिता ने अपनी जान का खतरा बताते हुए कहा है कि उन्हें लगातार जान से मारने की धमकियां दी जा रही है और वह जब घर से बाहर निकलते हैं तो उन्हें अपनी जान का खतरा बना रहता है। ऐसे में उन्हें भी एक गनर उपलब्ध करा दिया गया है साथ ही पुलिस अधिकारी तथा कोतवाली पुलिस को भी समय-समय पर सुरक्षा की निगरानी करने के निर्देश दिए गए हैं।आसाराम बापू के अनुयायियों की सक्रियता लगातार बढ़ रही है मंगलवार को आसाराम के समर्थकों ने मुरादाबाद में उनकी रिहाई के लिए प्रदर्शन किया और कलेक्ट्रेट पहुंचकर ज्ञापन भी दिया है।
गौरतलब है कि कथावाचक आसाराम बापू (81) ने 2013 में शाहजहांपुर की एक नाबालिग के साथ अपने जोधपुर आश्रम में दुष्कर्म किया था। इसी मामले में उन्हें 2018 में आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई थी इसके बाद से आसाराम बापू जेल में बंद है।