लखनऊ | उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के जिला अदालत परिसर में गोलीबारी कर दुर्दांत अपराधी संजीव माहेश्वरी उर्फ ??जीवा की हत्या करने वाले आरोपी की रिमांड के लिये पुलिस जल्द ही आवेदन करेगी।
संयुक्त पुलिस आयुक्त (कानून व्यवस्था) उपेंद्र कुमार अग्रवाल ने शुक्रवार को यहां पत्रकारों को बताया कि अदालत परिसर में गोलीबारी करने वाले जौनपुर जिले के केराकत थाना अंतर्गत सुल्तानपुर निवासी आरोपी आनंद यादव उर्फ ??विजय यादव को मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया गया था। उसका इलाज चल रहा था। आरोपी की औपचारिक गिरफ्तारी गुरुवार को दिखाई गई जब डॉक्टरों ने साफ कर दिया कि वह पूछताछ के लिए तैयार है।
उन्होंने बताया कि आरोपी को गुरुवार को ही अस्पताल से 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। उन्होंने कहा, ‘‘ हम संभवत: शनिवार या अगले कुछ दिनों में आरोपी की पुलिस हिरासत के लिए आवेदन करेंगे।’’ संयुक्त पुलिस आयुक्त ने बताया कि आरोपी के खिलाफ वजीरगंज थाने में एस्कॉर्ट ड्यूटी पर तैनात उपनिरीक्षक उदय प्रताप ने हत्या, हत्या के प्रयास के आरोप में मामला दर्ज कराया है।
उन्होंने बताया कि गोलीबारी में अपराधी जीवा की मौत हो गयी जबकि उपनिरीक्षक उत्कर्ष त्रिपाठी, हेड कांस्टेबल लाल मोहम्मद, कमलेश चौधरी, डेढ़ वर्षीय लक्ष्मी उर्फ ??लाडो और उसकी मां नीलम समेत पांच लोग घायल हो गये थे।सभी घायलों की हालत खतरे से बाहर है। घटनास्थल से बरामद कुछ सामान को जांच के लिये फोरेंसिक लैब भेजा गया है। उन्होंने कहा कि जीवा को 10 पुलिसकर्मी कोर्ट में लेकर आए थे। गोलीबारी तब हुई जब उसे कोर्ट रूम में ले जाया जा रहा था, जिसमें जीवा को चोटें आईं। उसे अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
श्री अग्रवाल ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट के अनुसार शरीर पर चोट के 16 निशान थे। इनमें कई गोलियां शरीर के आरपार हो गयी थी। प्रारंभिक जांच के आधार पर छह पुलिसकर्मियों की पार्टी में ढिलाई पाई गई और उन्हें निलंबित कर दिया गया है। इन पुलिस कर्मियों को अदालत के गेट पर तैनात किया गया था और उन्हें तलाशी और जांच की ड्यूटी दी गई थी। उनके खिलाफ विभागीय जांच भी शुरू कर दी गई है।
उन्होंने बताया कि इंस्पेक्टर वजीरगंज मनोज कुमार मिश्रा को मामले का जांच अधिकारी (आईओ) नियुक्त किया गया है जबकि राजेंद्र कुमार शुक्ला, रमेश चंद्र यादव और हरिद्वारलाल समेत तीन उपनिरीक्षकों को सहायक जांच अधिकारी नियुक्त किया गया है। इसके अलावा, जांच में सहायता के लिए तकनीकी टीम भी तैनात की गई है।
पुलिस अधिकारी ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा गठित विशेष जांच दल (एसआईटी) ने शुक्रवार को बार एसोसिएशन के साथ बैठक की, जिसमें कई ंिबदुओं पर सहमति बनी। उन्होंने कहा, ‘‘ अदालत की सुरक्षा के लिए इंस्पेक्टर राम फल प्रजापति को तैनात किया गया है और वह अदालत की सुरक्षा के प्रभारी होंगे।
